ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग के दर्शन करने आए हैं | bhajan Lyrics
Omkareshwar Ke Darshan Karne Aaye Hain

🔱 भजन परिचय
यह भजन भगवान शिव के द्वादश ज्योतिर्लिंगों में से एक ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग और माँ नर्मदा (रेवा माँ) की महिमा का भावपूर्ण वर्णन करता है। पावन नर्मदा स्नान, शिव भक्ति और श्रद्धालुओं की आस्था को सरल व भावुक शब्दों में प्रस्तुत किया गया है।
✨ शिव भक्ति पर आधारित पावन भजन
🎶 गीत विवरण (Song Details)
- गीत का नाम: Omkareshwar Ke Darshan Karne Aaye Hain
- गायक: संजय चौहान
- वीडियो: शम्मी शर्मा
- श्रेणी: हिंदी भक्ति गीत (शिव भजन)
- निर्माता: अमरेश बहादुर, रमित माथुर
- लेबल: Yuki
भजन के बोल
ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग के
दर्शन करने आए हैं
ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग के
दर्शन करने आए हैं
रीवा माँ के अमृत जल से
हम भी नहाने आए हैं
निर्मल शीतल कोमल जल की
महिमा दुनिया गाती है
दूर-दूर से इस पानी में
नहाने दुनिया आती है
पावन जल को अंग लगाने
हम भी चल पड़े हैं
रीवा माँ के अमृत जल से
हम भी नहाने आए हैं
ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग के
दर्शन करने आए हैं
बैठ किनारे रेवा तट पर
मल-मल भक्त नहाते हैं
भर-भर गागर इस जल की
शिव शंकर को चढ़ाते हैं
खाली गागर लेकर हम भी
रीवा जैसे पर आए हैं
रीवा माँ के अमृत जल से
हम भी नहाने आए हैं
ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग के
दर्शन करने आए हैं
Omkareshwar Ke Darshan Karne Aaye Hain
Omkareshwar Jyotirling ke
Darshan karne aaye hain
Omkareshwar Jyotirling ke
Darshan karne aaye hain
Rewa Maa ke amrit jal se
Hum bhi nahaane aaye hain
Nirmal sheetal komal jal ki
Mahima duniya gaati hai
Door-door se is paani mein
Nahaane duniya aati hai
Paavan jal ko ang lagaane
Hum bhi chal pade hain
Rewa Maa ke amrit jal se
Hum bhi nahaane aaye hain
Omkareshwar Jyotirling ke
Darshan karne aaye hain
Baith kinaare Rewa tat par
Mal-mal bhakt nahaate hain
Bhar-bhar gaagar is jal ki
Shiv Shankar ko chadhaate hain
Khaali gaagar lekar hum bhi
Rewa jaise par aaye hain
Rewa Maa ke amrit jal se
Hum bhi nahaane aaye hain
Omkareshwar Jyotirling ke
Darshan karne aaye hain
ओंकारेश्वर की पावन धरा पर
जब भक्त शीश झुकाता है,
रेवा माँ के अमृत जल से
हर पाप धुल जाता है।
शिव भक्ति, नर्मदा आस्था और
श्रद्धा का यह संगम है,
ओंकारेश्वर के दर्शन से
जीवन पावन, मन निर्मल है।
🕉️ भजन का भावार्थ – Gitesh Kumar
यह भजन भगवान शिव के द्वादश ज्योतिर्लिंगों में से एक ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग और माँ नर्मदा (रेवा माँ) की पावन महिमा को समर्पित है। भजन में यह भाव प्रकट किया गया है कि जब कोई श्रद्धालु ओंकारेश्वर के दर्शन करने आता है और रेवा माँ के निर्मल अमृत जल में स्नान करता है, तो उसके मन, तन और आत्मा सभी शुद्ध हो जाते हैं।
भजन यह दर्शाता है कि नर्मदा जल केवल स्नान का साधन नहीं, बल्कि शिव भक्ति का माध्यम है। भक्तगण नर्मदा तट पर स्नान कर शिव शंकर को जल अर्पित करते हैं और अपने जीवन की सभी बाधाओं, दुखों और पापों से मुक्ति की कामना करते हैं।
ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग, नर्मदा स्नान और शिव आराधना — ये तीनों मिलकर श्रद्धा, विश्वास और भक्ति का ऐसा दिव्य संगम बनाते हैं, जो भक्त के जीवन को आध्यात्मिक शांति और पुण्य से भर देता है।
ओम्कारेश्वर निमाड़ में स्तिथ शिव जी का अर्ध ज्योतिर्लिंग है ओम्कारेश्वर को राजा मान्धाता की नगरी भी कहा जाता है |


